Cement Stocks में बड़ा खेल! UltraTech को फायदा, ACC-Ambuja पर दबाव क्यों? | Clear Cut
बोनस डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: Bonus Digital Desk Updated Fri, 16 Oct 2026 08:58 PM IST
Cement Stocks में आगे क्या होगा? UltraTech Cement, Ambuja Cements, ACC, Shree Cement, JK Cement और JSW Cement के Q2 FY27 Results कैसे रह सकते हैं? भारत में Cement की मांग बढ़ रही है। Housing और Infrastructure Projects से कारोबार को सहारा मिल रहा है। लेकिन इसके बावजूद कई बड़ी Cement Companies के मुनाफे में गिरावट आने का अनुमान है। आखिर Cement की बिक्री बढ़ने के बावजूद Profit क्यों घट सकता है?
Systematix की Cement Sector Report के मुताबिक उसकी Coverage वाली कंपनियों की कुल बिक्री मात्रा सालाना आधार पर करीब 5.3% बढ़ सकती है। आमदनी 9.4% बढ़ने का अनुमान है, लेकिन EBITDA करीब 4.4% घट सकता है।
वहीं ICRA ने FY27 में भारत की Cement Demand में करीब 6–7% वृद्धि का अनुमान जताया है।
समस्या है बढ़ती लागत।
Coal, Petcoke, Diesel और Transportation महंगे हो रहे हैं, जबकि Cement Prices उतनी तेजी से नहीं बढ़ पा रही हैं।
Nomura के अनुमान के मुताबिक अतिरिक्त ईंधन लागत की भरपाई के लिए Cement की कीमत लगभग ₹12–15 प्रति बोरी और बढ़ाने की जरूरत पड़ सकती है।
इसका सीधा असर Cement Companies के Profit Margins और आने वाले Quarterly Results पर दिखाई दे सकता है।
आज के Clear Cut में Shubham Shankdhar समझा रहे हैं Cement Sector Outlook, Q2 FY27 Earnings Preview और अलग-अलग Brokerages की Stock Recommendations।
इस वीडियो में जानिए:
• Cement की मांग बढ़ने के बावजूद कंपनियों का मुनाफा क्यों घट सकता है?
• Q2 FY27 में Cement Companies के Results कैसे रह सकते हैं?
• UltraTech Cement का प्रदर्शन बाकी कंपनियों से बेहतर क्यों रह सकता है?
• ACC और Ambuja Cements के Profit पर कितना दबाव पड़ने का अनुमान है?
• Shree Cement, JK Cement, JSW Cement और Ramco Cements की स्थिति कैसी है?
• Coal और Petcoke की बढ़ती कीमतों का Cement Industry पर क्या असर होगा?
• Cement Prices में ₹10–20 प्रति बोरी बढ़ोतरी कितनी महत्वपूर्ण है?
• Cement Sector में EBITDA per tonne क्यों देखा जाता है?
• Systematix ने किन Cement Stocks पर BUY और HOLD की राय दी है?
• UltraTech Cement का ₹15,000 Target Price किस Brokerage ने दिया है?
• JK Cement पर Motilal Oswal का क्या नजरिया है?
• भारत में Cement Capacity कितनी बढ़ सकती है?
• बड़ी Cement Companies का Market Share क्यों बढ़ रहा है?
• Monsoon के बाद Cement Demand और Profitability में सुधार की कितनी संभावना है?
• Cement Stocks में निवेश से पहले किन चार आंकड़ों पर ध्यान देना चाहिए?
Systematix की रिपोर्ट के मुताबिक Q2 FY27 में:
UltraTech Cement के मुनाफे में करीब 47% बढ़ोतरी का अनुमान है।
ACC के मुनाफे में करीब 82% गिरावट का अनुमान है।
Ambuja Cements के मुनाफे में करीब 44% गिरावट का अनुमान है।
Ramco Cements के मुनाफे में करीब 96% गिरावट का अनुमान है।
ये सभी Brokerage Estimates हैं, कंपनियों के घोषित नतीजे नहीं।
Systematix की रिपोर्ट में UltraTech Cement, Shree Cement, Ambuja Cements, Nuvoco Vistas और JSW Cement पर BUY की राय है।
वहीं ACC, Dalmia Bharat, JK Cement और Ramco Cements पर HOLD की राय दी गई है।
लेकिन अलग-अलग Brokerages की राय अलग हो सकती है।
सीमेंट कंपनियों के नतीजों में चार चीजें सबसे ज्यादा महत्वपूर्ण होंगी:
Systematix की Cement Sector Report के मुताबिक उसकी Coverage वाली कंपनियों की कुल बिक्री मात्रा सालाना आधार पर करीब 5.3% बढ़ सकती है। आमदनी 9.4% बढ़ने का अनुमान है, लेकिन EBITDA करीब 4.4% घट सकता है।
वहीं ICRA ने FY27 में भारत की Cement Demand में करीब 6–7% वृद्धि का अनुमान जताया है।
समस्या है बढ़ती लागत।
Coal, Petcoke, Diesel और Transportation महंगे हो रहे हैं, जबकि Cement Prices उतनी तेजी से नहीं बढ़ पा रही हैं।
Nomura के अनुमान के मुताबिक अतिरिक्त ईंधन लागत की भरपाई के लिए Cement की कीमत लगभग ₹12–15 प्रति बोरी और बढ़ाने की जरूरत पड़ सकती है।
इसका सीधा असर Cement Companies के Profit Margins और आने वाले Quarterly Results पर दिखाई दे सकता है।
आज के Clear Cut में Shubham Shankdhar समझा रहे हैं Cement Sector Outlook, Q2 FY27 Earnings Preview और अलग-अलग Brokerages की Stock Recommendations।
इस वीडियो में जानिए:
• Cement की मांग बढ़ने के बावजूद कंपनियों का मुनाफा क्यों घट सकता है?
• Q2 FY27 में Cement Companies के Results कैसे रह सकते हैं?
• UltraTech Cement का प्रदर्शन बाकी कंपनियों से बेहतर क्यों रह सकता है?
• ACC और Ambuja Cements के Profit पर कितना दबाव पड़ने का अनुमान है?
• Shree Cement, JK Cement, JSW Cement और Ramco Cements की स्थिति कैसी है?
• Coal और Petcoke की बढ़ती कीमतों का Cement Industry पर क्या असर होगा?
• Cement Prices में ₹10–20 प्रति बोरी बढ़ोतरी कितनी महत्वपूर्ण है?
• Cement Sector में EBITDA per tonne क्यों देखा जाता है?
• Systematix ने किन Cement Stocks पर BUY और HOLD की राय दी है?
• UltraTech Cement का ₹15,000 Target Price किस Brokerage ने दिया है?
• JK Cement पर Motilal Oswal का क्या नजरिया है?
• भारत में Cement Capacity कितनी बढ़ सकती है?
• बड़ी Cement Companies का Market Share क्यों बढ़ रहा है?
• Monsoon के बाद Cement Demand और Profitability में सुधार की कितनी संभावना है?
• Cement Stocks में निवेश से पहले किन चार आंकड़ों पर ध्यान देना चाहिए?
Systematix की रिपोर्ट के मुताबिक Q2 FY27 में:
UltraTech Cement के मुनाफे में करीब 47% बढ़ोतरी का अनुमान है।
ACC के मुनाफे में करीब 82% गिरावट का अनुमान है।
Ambuja Cements के मुनाफे में करीब 44% गिरावट का अनुमान है।
Ramco Cements के मुनाफे में करीब 96% गिरावट का अनुमान है।
ये सभी Brokerage Estimates हैं, कंपनियों के घोषित नतीजे नहीं।
Systematix की रिपोर्ट में UltraTech Cement, Shree Cement, Ambuja Cements, Nuvoco Vistas और JSW Cement पर BUY की राय है।
वहीं ACC, Dalmia Bharat, JK Cement और Ramco Cements पर HOLD की राय दी गई है।
लेकिन अलग-अलग Brokerages की राय अलग हो सकती है।
सीमेंट कंपनियों के नतीजों में चार चीजें सबसे ज्यादा महत्वपूर्ण होंगी:
- Sales Volume
- Cement Realisation per Tonne
- EBITDA per Tonne
- Coal और Petcoke की लागत
क्योंकि Cement Industry में सिर्फ बिक्री बढ़ना काफी नहीं है। असली सवाल है कि हर बोरी बेचने के बाद कंपनी कितना मुनाफा बचा पा रही है।
क्या FY27 की दूसरी छमाही Cement Companies के लिए बेहतर होगी?
क्या UltraTech अपनी बढ़त बनाए रख पाएगी?
और क्या बढ़ती मांग के बावजूद Cement Stocks में सावधानी जरूरी है?
देखिए Clear Cut, Shubham Shankdhar के साथ, Amar Ujala Bonus पर।
क्या FY27 की दूसरी छमाही Cement Companies के लिए बेहतर होगी?
क्या UltraTech अपनी बढ़त बनाए रख पाएगी?
और क्या बढ़ती मांग के बावजूद Cement Stocks में सावधानी जरूरी है?
देखिए Clear Cut, Shubham Shankdhar के साथ, Amar Ujala Bonus पर।